पेन रिलीफ़ क्लिनिक एक ऐसी जगह है जहाँ पर दर्द नियंत्रण की पारंपरिक तकनीको के प्रयोग के साथ साथ ही आधुनिकतम नोन इन्वेजिव तकनीके भी उपलब्ध है, उन लोगो की मदद करने के लिये जिन्हे नया या पुराना दर्द परेशान कर रहा है।
पारंपरिक दवाइयों और उसके साथ नयी तकनीको जैसे एक्स्ट्राकोरपोरल शोकवेव थेरेपी (शोकवेव) व मोनोपोलर थर्मोप्लास्टी का प्रयोग करते हुए हम दर्द का प्रभावी चिकित्सकीय समाधान उपलब्ध कराते है।
हम हड्डी और उपास्थि की मरम्मत को प्रेरित करते हुए बहुत से नोन इन्वेजिव सुरक्षित और दवा रहित इलाज़ प्रदान करते है जो जो उन मरीजो के लिये ज्यादा उपयोगी है जो अन्य इलाज़ भी करा चुके है और दूसरे इलाज़ो के जोखिमो और दुष्प्रभावों से बचना चाहते है।
वे स्थितियां जो कि इलाज करने पर अच्छे परिणाम देती है :
• लगातार होने वाला गर्दन, कन्धे, रीढ़, घुटने और कूल्हे का दर्द और जकड़न
• लगातार होने वाला पैर, कंधे, कोहनी, कलाई, हाथ का दर्द और जकड़न
• स्नायु और रज्जुक मे मोच.
• खेल के दौरान चोट और टेन्डनाइटिस
• सामान्यीकृत शरीर में दर्द
• क्रोनिक थकान और ऊर्जा की कमी
• नींद में कठिनाई और तनाव
• सिरदर्द और माइग्रेन
• क्रोनिक रूप से हाथ और पैर सुन्न हो जाना.
• स्लिप डिस्क, साइटिका और तंत्रिका दर्द का दर्द
• गठिया और ऑस्टियोआर्थराइटिस
- दर्द के बारे मे 3 गलत अवधारणायें
- मेरा दर्द स्थायी है, इसका कोई इलाज़ नही है, अब मेरे पास दर्द निवारको, इन्जेक्सनो और शल्य चिकित्सा के अलावा कोई विकल्प नही है।
- मैने आराम , भौतिक चिकित्सा और दूसरे इलाज़ करवा लिये है, फ़िर्र भी मै दर्द मे हूँ । अब कोई इलाज़ नही है, मुझे इसी के साथ जीना सीखना होगा।
- ‘उम्र’ और ‘क्षरण’ के कारण होने वाले दर्दो मे ज्यादा कुछ नही किया जा सकता, यह समय के साथ और अधिक बिगरता ही जायेगा।
दर्द का प्रभावी तरीके से इलाज़ करने का महत्व :
हालिया चोटो से होने वाला दर्द और बीमारियॉ आपके काम, खेल कूद और अन्य दैनिक गतिविधियों मे बाधा डाल सकता है।
पूरानी चोटो या छति का दर्द अथवा तन्त्रिकीय दर्द सामान्यतः हताशा, कम ऊर्जा स्तर, कम नींद (अनिद्रा), चिड़चिड़ापन, उदास मन, एकाग्रता और स्मृति की कमी, गतिशीलता की समस्याओं और भी कम यौन इच्छा का कारण बनता है।
यह दर्द आपके परिवार और मित्रो के साथ आपके संबंध, आपके काम और आपकी प्रसन्नता को प्रभावित करता है। अधिक दर्द आपके दिमाग पर भी प्रभाव डालता है।
इस लगातार होने वाले दर्द का अगर प्रभावी ढन्ग से इलाज़ किया जाये तो मरीज अपना काम खेल कूद और अपने निजि जीवन मे और भी आनन्द लेने लगता है।
आपको नीन्द अच्छी आती है जिससे आपका अगला दिन अधिक उर्ज़ामय और अच्छे मूड वाला हो जाता है।
इसके अलावा दर्द और उसके कारण का सही से इलाज़ किया जाना, इसे और अधिक बिगड़ने से बचाना और उस स्थिति तक जाने से बचाना जहाँ शल्य चिकित्सा और दर्द्नाक इलाज़ो की जरूरत पड़ती है, अधिक महत्वपुर्ण है।


